कुंडली आरोहण की शुभ घड़ी आ गई, अब बदलेगा जीवन
सभी को राम राम

कुंडली आरोहण, 19 जुलाई 2016 ।
गुरु पूर्णिमा के शुभ अवसर पर
सिद्धी-प्रसिद्धी-समृद्धी का दिव्य उपहार.
देश भर के कोने कोने से साधक पहुंच रहे हैं. दूर शहरों और विदेश से आने वाले साधक पहुंच चुके हैं. टीम मृत्युंजय योग साधकों की आवभगत में तहे दिल से लगी है. मृत्युंजय योग फाउंडेशन की तरफ से उन्हें होटल अदिति में रुकने की व्यवस्था की गई है.
कल कुंडली महासाधना के बाद अगले दो दिन शिवप्रिया जी होटल में ही संजीवनी विद्या की उच्च शिक्षा देंगी. ताकि साधक दूसरों के जीवन से भी समस्याओं को सफलता पूर्वक हटा सकें.
कल कुंडली महासाधना से पहले गुरुजी की बेटी एवं उच्च स्तर की शिव साधिका शिवप्रियाजी साधकों को संजीवनी विज्ञान से परिचित कराएंगी. वे संजीवनी शक्ति को देखना, उसे छूना, उसे नापना और अपना व दूसरो का जीवन बदलने के लिये उसका उपयोग करना सिखाएंगी.
उसके बाद गुरु जी साधकों पर शक्तिपात करके पहले उनके आभामंडल उर्जा चक्रों को उपचारित करेंगे. ताकि कुंडली जागने पर वे उसका उपयोग कर सकें. इसके लिये गुरु जी साधकों को ग्रहों की खराब उर्जाओं, तंत्र की हानिकारक उर्जाओं, देवबाधा की बंधनकारी उर्जाओं और पितृ बाधा की सुखभंग करने वाली उर्जाओं को हटाएंगे.
उसके बाद साधकों की कुंडली जागरण के लिये महाशक्तिपात करेंगे.
उसके बाद साधकों को अपनी जागी हुई कुंडली से काम लेना सिखाएंगे.
हमें विश्वास है गुरुदेव द्वारा गुरुपूर्णिमा के अवसर पर साधकों को दिया जा रहा ये दिव्य उपहार उनका जीवन बदल ही देगा.
हमें अफसोस है कि बड़ी संख्या में इस बार की साधना से वंचित रह गये हैं. क्योंकि साथान की कमी के कारण हम उन्हें नही बुला पाये हैं. उनके लिये गुरुदेव ने 19 सितम्बर, 20 नवम्बर, 22 जनवरी 17 और 19 मार्च 17 को पुनः कुंडली जागरण महासाधना कराने को मंजूरी दे दी है.
जिन लोगों ने अभी तक कुंडली महासाधना के लिये अपना रजिस्ट्रेशन कराया है उनकी अधिक संख्या के कारण19 सितम्बर और 20 नवम्बर के महासाधना शिविर के रजिस्ट्रेशन क्लोज हो चुके हैं.
अन्य साधकों से अनुरोध है कि उसके बाद के शिविर के लिये ही अपने रजिस्ट्रेशन का अनुरोध करें.
जिनका रजिस्ट्रेशन आज तक हो चुका है. उन्हें 19 सितम्बर और 20 नवम्बर के शिविर के डिजिटल पास भेजे जा रहे हैं.
उनसे अनुरोध है कि अपने मोबाइल पर आने वाले हमारे डिजिटल पास के मैसेज को सेव करके रखें. उसमें आपका सीट नम्बर दिया जाएगा. उसी से महासाधना शिविर में इंट्री हो सकेगी.
विशेष अनुरोध- जब तक साधक सीट नम्बर एलाट होने का मैसेज न मिले तब तक शिविर में हिस्सा लेने के लिये प्रस्थान न करें.
…. टीम मृत्युंजय योग.