प्रारब्ध चक्र

पुरानी बातें, शक, उदासी का केंद्र प्रारब्ध चक्र लीवर में स्थित होता है. यहां पुरानी उर्जायें होती हैं. यह ठीक हो तो व्यक्ति पुरानी बातें भूलकर निरंतर प्रगति करता हुआ आगे बढ़ता है.

इस चक्र के बिगड़ने पर लीवर के खराब होने का खतरा रहता है. व्यक्ति पुरानी बातों में उलझकर शंकाओं और उदासी का शिकार होता है. सिरोसिस सहित लीवर की कई परेशानियां इसके कारण पैदा होती हैं.


यदि आपको चक्र ठीक करने नही आते तो इसे ठीक रखने के लिये एनर्जी रिपोर्ट या मन्त्र संजीवनी उपचार का सहारा ले सकते हैं. घर बैठे एनर्जी रिपोर्ट बनवाने या मन्त्र संजीवनी उपचार सेवा प्राप्त के लिये आगे दिये पर सम्पर्क कर सकते हैं. या नीचे दिया form भरकर हमें अपना आग्रह भेज सकते हैं। मन्त्र संजीवनी से आप दूसरों के भी आभामंडल और ऊर्जा चक्रों को ठीक कर सकते हैं। इसे सीखने के लिये भी हमसे संपर्क  कर सकते हैं।  हेल्पलाइन नं.- 9289500800