कटि चक्र अर्थात उर्जा पक्षेपण चक्र

BP, भूत भय, घबराहट का केंद्र कटि चक्र या उर्जा प्रक्षेपण चक्र बहुत महत्वपूर्ण है.  यह नाभि से पीछे पीठ पर स्थित है. ये चक्र मूलाधार में बन रही उर्जा को ऊपर के चक्रों की तरफ प्रक्षेपित करता है. अपरोक्ष रूप से यह एनर्जी को बूस्ट करने का काम करता है.

इस चक्र के बिगड़ने पर BP बिगड़ता है.  जब इसमें एनर्जी की कमी होती है तो BP लो होता है. एेसी स्थिति में व्यक्ति घबराहट, भूत बाधा भय, आशंकाओं, उदासी का शिकार होता है. जब इसमें एनर्जी अधिक होती है तो BP हाई होता है.  एेसे में चिड़चिड़ापन, अकारण गुस्सा,  हृदय रोग, कि़डनी के रोग सहित कई तरह की परेशानियां उत्पन्न होती हैं. डिप्रेशन का बड़ा कारण भी यही चक्र है.


यदि आपको चक्र ठीक करने नही आते तो इसे ठीक रखने के लिये एनर्जी रिपोर्ट या मन्त्र संजीवनी उपचार का सहारा ले सकते हैं. घर बैठे एनर्जी रिपोर्ट बनवाने या मन्त्र संजीवनी उपचार सेवा प्राप्त के लिये आगे दिये नम्बर पर सम्पर्क कर सकते हैं. या नीचे दिया form भरकर हमें अपना आग्रह भेज सकते हैं। मन्त्र संजीवनी से आप दूसरों के भी आभामंडल और ऊर्जा चक्रों को ठीक कर सकते हैं। इसे सीखने के लिये भी हमसे संपर्क  कर सकते हैं।  हेल्पलाइन नं.- 9289500800